दिव्यांगना अप्सरा साधना किटDivyangana Apsara Sadhana Kit
पारंपरिक उद्देश्य — कायाकल्प, शाश्वत यौवन, मनोकामना पूर्ति और भौतिक समृद्धि। किट में गुरुजी द्वारा प्राण-प्रतिष्ठित यंत्र, माला और तस्वीर आते हैं।
ऑर्डर मिलने पर तैयार की जाती है। वापसी योग्य नहीं।
इस किट में क्या आता है
गुरुजी द्वारा प्राण-प्रतिष्ठित यंत्र, माला और तस्वीर।
इस साधना के लिए साथ में:
- पीला वस्त्र और आसन
- गुलाब की पंखुड़ियां, जल और इत्र
- कुमकुम, चंदन, अक्षत
इस अध्याय की पूरी सामग्री-सूची गाइड में है। ऊपर जो नहीं लिखा, उसका प्रबंध आपको स्वयं करना होगा।
शुरू करने से पहले गुरु-दीक्षा आवश्यक है
यह साधना अकेले शुरू करने के लिए नहीं है। पहले योग्य गुरु से दीक्षा आवश्यक है। यदि अभी गुरु नहीं हैं, तो गाइड पढ़ें — कुंडलिट आपको दीक्षा की प्रक्रिया समझने और गुरुजी से जुड़ने में सहायता करेगा।
पूरी गाइड पढ़ेंदिव्यांगना अप्सरा साधना किट में गुरुजी द्वारा प्राण-प्रतिष्ठित यंत्र, माला और तस्वीर आते हैं, साथ में इस अध्याय में बताई गई 3 सामग्री, इसलिए शुरू करने से पहले दुकान-दुकान भटकना नहीं पड़ता। इस साधना की चरण-दर-चरण विधि, मंत्र, नियम, सावधानियाँ और गुरुजी का मूल वीडियो अप्सरा साधना गाइड में हैं — जो अलग से खरीदी जाती है और आपके खाते में पढ़ी जाती है। किसी भी साधना को शुरू करने से पहले गुरु-दीक्षा आवश्यक है। वर्णित लाभ पारंपरिक मान्यताएँ हैं, गारंटीकृत परिणाम नहीं।
इस साधना के पारंपरिक लाभ
- कायाकल्प प्रदान करती है - बुढ़ापे के बिना शाश्वत यौवन
- सभी भौतिक इच्छाओं की पूर्ति और विलासिता प्रदान करती है
- दिव्य आभूषण और बहुमूल्य वस्तुएं प्रदान करती है
- सभी रोगों का नाश और पूर्ण स्वास्थ्य प्रदान करती है
- सुंदर घर, महंगी कारें और भौतिक सुविधाएं प्रदान करती है
- सभी दुखों का हरण और हर मनोकामना की पूर्ति करती है
ये पारंपरिक मान्यताएँ हैं, गारंटीकृत परिणाम नहीं। साधना गुरु-दीक्षा के बाद ही करें।
एक नज़र में यह साधना
- अवधि
- पूर्णिमा से प्रारंभ करके लगातार 7 दिन
- आरंभ समय
- पूर्णिमा
किट में सामग्री है; विधि गाइड में है।
इस साधना की चरण-दर-चरण विधि, मंत्र, नियम, सावधानियाँ और गुरुजी का मूल वीडियो अप्सरा साधना गाइड में हैं — जो अलग से खरीदी जाती है और आपके खाते में पढ़ी जाती है।