Kundlitkundlit
होरा · शिकागो

होराशिकागो14 मई 2026

गुरुवार · वैशाख · कृष्ण पक्ष

निरयण · लाहिड़ी
तिथि
त्रयोदशी
नक्षत्र
रेवती
योग
प्रीति
करण
गरज
वार
गुरुवार

Waning Crescent

Sunrise 05:32 — Sunset 20:01 · day 14h 29m

8% illuminated · decreasing

पंचांग — पाँच अंग पञ्चाङ्ग

तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार, उनके समाप्ति समय के साथ, साथ ही मास और चंद्रमा तथा सूर्य की राशि — इस शहर के सूर्योदय के अनुसार गणना। आधी रात के बाद का समय पारंपरिक विस्तारित घड़ी में दिखता है (जैसे 27:23 = अगली सुबह 03:23)।

तिथि
Trayodashiत्रयोदशी22:01 तक
What this means

The lunar day. It is set by how far the Moon has pulled ahead of the Sun — each 12 degrees of separation is one tithi. The tithi shapes which activities the tradition favours, and it ends at the time shown, when the next one begins.

Muhurta ChintamaniTithi-prakaranam (Nanda/Bhadra/Jaya/Rikta/Purna tithi-types)
नक्षत्र
Revatiरेवती12:04 तक
What this means

The Moon's star-mansion — the patch of sky it sits in today, one of 27. Each nakshatra has its own temperament that classical texts use to judge what the day is good for.

Brihat SamhitaNakshatra chapters (nakshatra qualities)
योग
Pritiप्रीति07:23 तक
What this means

A combined Sun-and-Moon measure (one of 27 nitya-yogas) — not the physical posture practice. A few yogas, such as Vyatipata and Vaidhriti, are best avoided; most are ordinary.

Muhurta ChintamaniYoga enumeration (tyajya-yoga list, v. 33)
करण
Garajaगरज11:30 तक
What this means

Half of a tithi — each lunar day holds two karanas. One of them, Vishti (also called Bhadra), is treated as inauspicious; the rest are workable.

BPHSKarana-jnana-vidhi (11 karanas including Vishti)
वार
Guruvaraगुरुवार
What this means

The weekday and its ruling planet. Each day's planet colours which tasks the tradition recommends — e.g. Thursday (Jupiter) for auspicious beginnings.

Muhurta ChintamaniVara-prakaranam (weekday lords)
मास
Vaishakhaवैशाख
What this means

The lunar month. India uses two reckonings — Amanta (new-moon to new-moon) and Purnimanta (full-moon to full-moon) — so the name can differ by region. An 'Adhika' (extra) month is inserted to keep the lunar and solar years aligned.

Nirnaya SindhuAdhikamasa-nirnaya (intercalary month)
पक्ष
कृष्ण पक्ष (घटता चंद्र)
What this means

The fortnight. Shukla is the waxing half (Moon growing toward full); Krishna is the waning half (toward the new moon).

Calendar definition

चंद्र राशि
Meena
What this means

The zodiac sign the Moon occupies now. Together with your birth Moon-sign it drives Chandrabala — the Moon's day-to-day favourability for you.

Muhurta Chintamani2.4-2.5 (Chandrabala)
सूर्य राशि
Meshaमेष

निरयण (लाहिड़ी) गणना; अंग समाप्ति समय शहर के वास्तविक सूर्योदय के अनुसार। “अधिक मास” उस अतिरिक्त चंद्र मास को दर्शाता है जिसमें कोई सौर संक्रांति नहीं होती।

यह पंचांग कैसे गणना होती है

इस पृष्ठ का हर समय सूर्य और चंद्रमा की वास्तविक स्थिति से स्विस एफेमेरिस (वही उच्च-परिशुद्धता खगोलीय इंजन जिसे पेशेवर खगोलशास्त्री उपयोग करते हैं) से निकाला जाता है, किसी छपे पंचांग या तय तालिका से नहीं।

  • निरयण राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश — भारत सरकार के कैलेंडर में यही मानक है। सभी नक्षत्र, राशि, तिथि और योग की सीमाएँ इसी से बनती हैं।
  • स्थानीय वास्तविक सूर्योदय — मुहूर्त काल (राहु काल, चौघड़िया, होरा, अभिजित आदि) Chicago के सटीक निर्देशांक के लिए गणना किए गए वास्तविक सूर्योदय से मापे जाते हैं, इसलिए वे आपके स्थान के लिए सही होते हैं, कोई क्षेत्रीय अनुमान नहीं।
  • दो मास परंपराएँ — हम अमांत (अमावस्या से अमावस्या) और पूर्णिमांत (पूर्णिमा से पूर्णिमा) दोनों चंद्र मास दिखाते हैं, क्योंकि भारत के अलग-अलग क्षेत्र अलग परंपरा मानते हैं; अधिक (मलमास) मास होने पर उसे अंकित किया जाता है।

महत्व और शुभ/अशुभ संकेत शास्त्रीय ग्रंथों (मुहूर्त चिंतामणि, बृहत् संहिता, पुराण आदि) से लिए जाते हैं और साथ में उद्धृत किए जाते हैं — हम कभी ऐसा प्रभाव नहीं बताते जो ग्रंथ में न हो।

आपका आज का पंचांग

अपना जन्म नक्षत्र और चंद्र राशि एक बार चुनें — फिर हम आज का आपका ताराबल और चंद्रबल पढ़कर बता देंगे। यह सिर्फ़ इसी डिवाइस पर सेव होता है; हमारे सर्वर पर कभी नहीं जाता।

आज क्या करना शुभ है?

आप जो करने वाले हैं वह चुनें। हम आज के पंचांग को शास्त्रीय मुहूर्त नियम से जाँचकर बताते हैं कि यह शुभ है या नहीं, सबसे अच्छा समय कौन-सा है, और यह किस ग्रंथ से है।

Hora schedule (text table)
#PlanetStartEnd
1Jupiter05:3206:45
2Mars06:4507:57
3Sun07:5709:09
4Venus09:0910:22
5Mercury10:2211:34
6Moon11:3412:47
7Saturn12:4713:59
8Jupiter13:5915:12
9Mars15:1216:24
10Sun16:2417:36
11Venus17:3618:49
12Mercury18:4920:01
13Moon20:0120:49
14Saturn20:4921:36
15Jupiter21:3622:24
16Mars22:2423:12
17Sun23:1223:59
18Venus23:5900:47
19Mercury00:4701:34
20Moon01:3402:22
21Saturn02:2203:09
22Jupiter03:0903:57
23Mars03:5704:45
24Sun04:4505:32
समय विवरण (तालिका)
कालआरंभसमाप्तिप्रकार
Rahu Kala14:3516:24अशुभ
Yamaghanda Kala07:2109:09अशुभ
Gulika Kala09:0910:58अशुभ
Abhijit Muhurta12:1813:16शुभ

शुभ मुहूर्त शुभ मुहूर्त

सूर्योदय और नक्षत्र के आधार पर बने वे समय जिन्हें शास्त्रीय मुहूर्त ग्रंथ साधना, अध्ययन और नई शुरुआत के लिए बताते हैं।

Brahma Muhurta

ब्रह्म मुहूर्त

03:56 – 04:44

Pratah Sandhya

प्रातः सन्ध्या

04:27 – 05:32

Vijaya Muhurta

विजय मुहूर्त

15:12 – 16:09

Godhuli Muhurta

गोधूलि मुहूर्त

19:49 – 20:13

Sayahna Sandhya

सायाह्न सन्ध्या

20:01 – 21:06

Nishita Muhurta

निशीथ मुहूर्त

24:23 – 01:11

Amrita Kalam

अमृत कालम्

04:38 – 06:07

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; निर्णय सिंधु। उप-काल की गणना सूर्योदय + शहर के निर्देशांक पर सूर्य नक्षत्र की स्थिति से।

अशुभ काल अशुभ काल

राहु काल, यमगंड और गुलिक (ऊपर दिन की समय-रेखा में दिखाए गए) के अलावा, नई शुरुआत के लिए टालने योग्य शास्त्रीय काल।

Varjyam

वर्ज्यम्

24:55 – 02:24

नक्षत्र से निकला वह काल जिसे शास्त्र टालने को कहते हैं।

Dur Muhurtam 9

दुर्मुहूर्तम्

13:16 – 14:14

वार के अनुसार तय अशुभ उप-मुहूर्त।

Dur Muhurtam 13

दुर्मुहूर्तम्

17:07 – 18:05

वार के अनुसार तय अशुभ उप-मुहूर्त।

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; धर्म सिंधु। उप-काल की गणना सूर्योदय + नक्षत्र की स्थिति से।

आज का सूर्य सूर्य

सूर्य की राशि और नक्षत्र — ऊपर हीरो में दिखाए गए चंद्र-पक्ष की तिथि और नक्षत्र का सूर्य-पक्ष पूरक।

सूर्य राशि

Mesha#1

सूर्य नक्षत्र

Krittika कृत्तिका

पाद 1 / 4

आज चंद्र पाद परिवर्तन

  • 06:32
  • 12:00
  • 17:27
  • 22:54
  • 04:21

स्रोत: लाहिड़ी (चित्रपक्ष) निरयण गणना। पाद की गणना नक्षत्र को 3° 20′ के 4 बराबर भागों में बाँटकर।

हिंदू वर्ष विक्रम संवत्

इस वर्ष के विक्रम, शक और गुजराती संवत, साथ में 60-वर्षीय शासन-चक्र से चक्र का नाम (संवत्सर)।

विक्रम संवत

2083

Parabhava पराभव

वर्ष हब देखें

शक संवत

1948

Kilaka कीलक

गुजराती संवत

2082

Vishvavasu विश्वावसु

मंत्री मंडल — वर्ष शासन

पददेवता
RajaMoon
MantriMoon

बाकी शासन पद (8) इंजन द्वारा हल होते ही भर जाएँगे।

स्रोत: निर्णय सिंधु; सूर्यसिद्धांत। संवत्सर 60-वर्षीय बृहस्पति चक्र से।

दैनिक दिशाएँ दिशा

मुहूर्त चुनने में काम आने वाली दिन की दिशाएँ — यात्रा के लिए दिशा शूल, यज्ञ के लिए अग्निवास, लाभ की दिशा के लिए चंद्र/राहु वास, अनुष्ठान के समय के लिए शिववास।

Disha Shool

South दक्षिण

अशुभ

स्रोत: Avoid travel toward this direction today

Chandra Vasa

North उत्तर

शुभ

स्रोत: Direction favored by today's moon position

Rahu Vasa

South दक्षिण

अशुभ

स्रोत: Direction occupied by Rahu; avoid offerings facing here

Agnivasa

Swarga स्वर्ग

शुभ

स्रोत: Agni's dwelling for homa-suitability assessment

Shiva Vasa

Krida क्रीडा

अशुभ

स्रोत: Shiva's location for rudrabhisheka timing

Homahuti

Ketu केतु

अशुभ

स्रोत: Khala planet: offering inauspicious (खलग्रह के मुख में होमाहुति शुभ नहीं होती)

आज की बल तालिका

ताराबल और चंद्रबल — मुहूर्त चुनने में काम आने वाली दो शास्त्रीय बल जाँच। यदि आपका जन्म नक्षत्र या जन्म राशि अनुकूल सूची में आए, तो दिन नई शुरुआत के लिए ठीक है।

आज अनुकूल जन्म राशियाँ

Vrishabha, Mithuna, Kanya, Tula, Makara, Meena

ताराबल — सभी 27 जन्म नक्षत्र
#जन्म नक्षत्रतारागुण
1AshwiniAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
2BharaniMitra मित्रसामान्य
3KrittikaVadha वधसामान्य
4RohiniSadhaka साधकसामान्य
5MrigashiraPratyari प्रत्यरिसामान्य
6ArdraKshema क्षेमसामान्य
7PunarvasuVipat विपत्सामान्य
8PushyaSampat सम्पत्सामान्य
9AshleshaJanma जन्मसामान्य
10MaghaAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
11Purva PhalguniMitra मित्रसामान्य
12Uttara PhalguniVadha वधसामान्य
13HastaSadhaka साधकसामान्य
14ChitraPratyari प्रत्यरिसामान्य
15SwatiKshema क्षेमसामान्य
16VishakhaVipat विपत्सामान्य
17AnuradhaSampat सम्पत्सामान्य
18JyeshthaJanma जन्मसामान्य
19MulaAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
20Purva AshadhaMitra मित्रसामान्य
21Uttara AshadhaVadha वधसामान्य
22ShravanaSadhaka साधकसामान्य
23DhanishthaPratyari प्रत्यरिसामान्य
24ShatabhishaKshema क्षेमसामान्य
25Purva BhadrapadaVipat विपत्सामान्य
26Uttara BhadrapadaSampat सम्पत्सामान्य
27RevatiJanma जन्मसामान्य
चंद्रबल — सभी 12 जन्म राशि
#जन्म राशिजन्म से भावअनुकूल
1Mesha12नहीं
2Vrishabha11हाँ
3Mithuna10हाँ
4Karka9नहीं
5Simha8नहीं
6Kanya7हाँ
7Tula6हाँ
8Vrishchika5नहीं
9Dhanu4नहीं
10Makara3हाँ
11Kumbha2नहीं
12Meena1हाँ

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; बृहत् संहिता। ताराबल जन्म-नक्षत्र से आज के नक्षत्र तक 9-चक्र का उपयोग करता है।

उदय लग्न (उगती राशि) समय-रेखा

दिन के हर समय पूर्वी क्षितिज पर कौन सी राशि उग रही है। खंड की चौड़ाई वास्तविक उदय अवधि के अनुपात में है।
सभी 13 खंड (तालिका)
#राशिआरंभसमाप्ति
1Mesha मेष05:3205:42
2Vrishabha वृषभ05:4207:27
3Mithuna मिथुन07:2709:47
4Karka कर्क09:4712:17
5Simha सिंह12:1714:52
6Kanya कन्या14:5217:27
7Tula तुला17:2720:02
8Vrishchika वृश्चिक20:0222:27
9Dhanu धनु22:2724:27
10Makara मकर24:2701:57
11Kumbha कुम्भ01:5703:07
12Meena मीन03:0704:17
1Mesha मेष04:1705:32

पंचक रहित मुहूर्त पञ्चक रहित मुहूर्त

पंचक श्रेणी के अनुसार 15 शास्त्रीय दिन-मुहूर्त खंड। हरा = शुभ; गुलाबी = टालें। चौड़ाई वास्तविक अवधि के अनुपात में है।
सभी 15 खंड (तालिका)
#नामआरंभसमाप्तिगुण
1Shubha शुभ05:3206:30शुभ
2Roga रोग06:3007:28अशुभ
3Mrityu मृत्यु07:2808:26अशुभ
4Agni अग्नि08:2609:24अशुभ
5Raja राज09:2410:22अशुभ
6Chora चोर10:2211:20अशुभ
7Shubha शुभ11:2012:18शुभ
8Roga रोग12:1813:16अशुभ
9Mrityu मृत्यु13:1614:14अशुभ
10Agni अग्नि14:1415:12अशुभ
11Raja राज15:1216:09अशुभ
12Chora चोर16:0917:07अशुभ
13Shubha शुभ17:0718:05शुभ
14Roga रोग18:0519:03अशुभ
15Mrityu मृत्यु19:0320:01अशुभ

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; निर्णय सिंधु।

ऋतु और अयन

वैदिक ऋतु, अयन, दिन/रात की लंबाई और सौर-दोपहर — आज के पंचांग के आसपास का ऋतु ढाँचा।

ऋतु (वैदिक)

Vasantaवसन्त

ऋतु (दृक)

Vasantaवसन्त

अयन

Uttarayanaउत्तरायण

दिनमान

14h 29m

रात्रिमान

9h 31m

मध्याह्न

12:47

स्रोत: सूर्यसिद्धांत। दिनमान = सूर्योदय→सूर्यास्त के मिनट; मध्याह्न = स्थानीय सौर दोपहर।

होरा - शिकागो, 14 मई 2026

गुरुवार, 14 मई 2026 को शिकागो का पंचांग एक खास लय लेकर आता है। आज सूर्योदय प्रातः 05:32 बजे होता है और सायं 20:01 बजे अस्त होता है, जिससे दिन में 14 घंटे 29 मिनट का उजाला मिलता है। तिथि त्रयोदशी (कृष्ण पक्ष) है और दिन का नक्षत्र रेवती है। प्रीति योग पूरे दिन पर असर डालता है। शिकागो के लिए ब्रह्म मुहूर्त रात्रि 03:56 से रात्रि 04:44 तक है; यही वह समय है जिसे शास्त्र साधना और पढ़ाई के लिए सर्वोत्तम बताते हैं।

शिकागो में राहु काल अपराह्ण 14:35 से अपराह्ण 16:24 तक रहेगा — इस दौरान कोई नया काम शुरू न करें। दिशाशूल आज दक्षिण की ओर है, इसलिए गुरुवार को उस दिशा की यात्रा कुछ देर टाल दें। अच्छे समय के लिए शुभ चौघड़िया (प्रातः 05:32–प्रातः 07:21) सबसे उत्तम मुहूर्त है। रेवती नक्षत्र बुध के अधिकार में है, जिससे यह दिन आकाशीय समय और शिकागो की भूमि — दोनों से जुड़ जाता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

शिकागो में 14 मई 2026 को राहु काल कब है?
शिकागो में 14 मई 2026 को राहु काल अपराह्ण 14:35 से अपराह्ण 16:24 तक रहता है। यह करीब 90 मिनट की खिड़की राहु के अधीन होती है और नया काम, यात्रा या शुभ कार्य शुरू करने से आमतौर पर बचा जाता है। यह समय हर दिन सूर्योदय के अनुसार बदलता है, इसलिए हर शहर में अलग होता है।
शिकागो में 14 मई 2026 को सूर्योदय प्रातः 05:32 बजे क्यों होता है?
शिकागो में 14 मई 2026 को सूर्योदय प्रातः 05:32 बजे होता है — यह शहर के अक्षांश (41.88°N) और इस तारीख को पृथ्वी के झुकाव से तय होता है। सूर्योदय और सूर्यास्त (सायं 20:01) वैदिक दिन की लंबाई तय करते हैं और राहु काल से लेकर चौघड़िया तक सभी गणनाएँ शिकागो के स्थानीय क्षितिज से जोड़ते हैं।
शिकागो में 14 मई 2026 को कौन-सा योग है?
शिकागो में 14 मई 2026 को प्रीति योग है, जो प्रातः 10:24 से प्रातः 07:23 तक सक्रिय रहता है। पंचांग में योग सूर्य और चन्द्र की मिली-जुली स्थिति से बनता है और 27 योगों के चक्र में घूमता है। प्रीति योग का अपना स्वभाव होता है जो दिन के कामों की शुभता पर असर डालता है।

संबंधित पंचांग पृष्ठ

दैनिक प्रामाणिकता

तांत्रिक बंदा खिड़कियाँ

Vat

वट

स्रोत:

Dhav

धव

स्रोत:

साधना विधान

Shiva Linga Abhisheka

शिव लिंग अभिषेक

- Shiva Purana, Pradosha Mahatmya

Mahamrityunjaya Japa

महामृत्युञ्जय जप

- Rig Veda 7.59.12, Yajur Veda 3.60

Sankalpa Vrata

संकल्प व्रत

- Dharmasindhu, Vrata Ratnakara

Rudra Abhisheka & Homa

रुद्र अभिषेक एवं होम

- Yajur Veda, Shatarudriya

Trayodashi Pradosha Vrata

त्रयोदशी प्रदोष व्रत

- Shiva Purana, Pradosha Mahatmya

दिन दुर्लभता अंक

0.17356558928961752/ 100

शिकागो — 14 मई

सूर्योदय
प्रातः 05:32
सूर्यास्त
सायं 20:01
तिथि
त्रयोदशी (कृष्ण पक्ष)
नक्षत्र
रेवती (तृतीय पाद)
योग
प्रीति
करण
गरज
माह
वैशाख
चन्द्र राशि
मीन
सूर्य राशि
मेष
राहु काल
अपराह्ण 14:35–अपराह्ण 16:24
शुभ चौघड़िया
शुभ (प्रातः 05:32–प्रातः 07:21)
Embed this Hora on your site
Theme
Width
HTML iframe
<iframe src="https://kundlit.com/embed/hora?city=Chicago" width="360" height="420" loading="lazy" referrerpolicy="no-referrer-when-downgrade" style="border:0;border-radius:12px;max-width:100%" title="Hora — Kundlit"></iframe>
WordPress
[iframe src="https://kundlit.com/embed/hora?city=Chicago" width="360" height="420"]
URL only
https://kundlit.com/embed/hora?city=Chicago

Free to embed, including on commercial sites. Attribution is built into the widget — please don't remove it. The widget loads ~3KB of styles and one live API call; no cookies, no tracking scripts.

Live preview