Kundlitkundlit

दिशा शूल

शिकागो · 24 फरवरी 2026

इस दिशा में यात्रा न करें

North उत्तर

Avoid travel toward this direction today

दिशा शूल

पंचांग — पाँच अंग पञ्चाङ्ग

तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार, उनके समाप्ति समय के साथ, साथ ही मास और चंद्रमा तथा सूर्य की राशि — इस शहर के सूर्योदय के अनुसार गणना। आधी रात के बाद का समय पारंपरिक विस्तारित घड़ी में दिखता है (जैसे 27:23 = अगली सुबह 03:23)।

तिथि
Ashtamiअष्टमी17:22 तक
What this means

The lunar day. It is set by how far the Moon has pulled ahead of the Sun — each 12 degrees of separation is one tithi. The tithi shapes which activities the tradition favours, and it ends at the time shown, when the next one begins.

Muhurta ChintamaniTithi-prakaranam (Nanda/Bhadra/Jaya/Rikta/Purna tithi-types)
नक्षत्र
Rohiniरोहिणी26:08 तक
What this means

The Moon's star-mansion — the patch of sky it sits in today, one of 27. Each nakshatra has its own temperament that classical texts use to judge what the day is good for.

Brihat SamhitaNakshatra chapters (nakshatra qualities)
योग
Vaidhritiवैधृति16:56 तक
What this means

A combined Sun-and-Moon measure (one of 27 nitya-yogas) — not the physical posture practice. A few yogas, such as Vyatipata and Vaidhriti, are best avoided; most are ordinary.

Muhurta ChintamaniYoga enumeration (tyajya-yoga list, v. 33)
करण
Bavaबव17:22 तक
What this means

Half of a tithi — each lunar day holds two karanas. One of them, Vishti (also called Bhadra), is treated as inauspicious; the rest are workable.

BPHSKarana-jnana-vidhi (11 karanas including Vishti)
वार
Mangalavaraमङ्गलवार
What this means

The weekday and its ruling planet. Each day's planet colours which tasks the tradition recommends — e.g. Thursday (Jupiter) for auspicious beginnings.

Muhurta ChintamaniVara-prakaranam (weekday lords)
मास
Phalgunaफाल्गुन
What this means

The lunar month. India uses two reckonings — Amanta (new-moon to new-moon) and Purnimanta (full-moon to full-moon) — so the name can differ by region. An 'Adhika' (extra) month is inserted to keep the lunar and solar years aligned.

Nirnaya SindhuAdhikamasa-nirnaya (intercalary month)
पक्ष
शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्र)
What this means

The fortnight. Shukla is the waxing half (Moon growing toward full); Krishna is the waning half (toward the new moon).

Calendar definition

चंद्र राशि
Vrishabha
What this means

The zodiac sign the Moon occupies now. Together with your birth Moon-sign it drives Chandrabala — the Moon's day-to-day favourability for you.

Muhurta Chintamani2.4-2.5 (Chandrabala)
सूर्य राशि
Kumbhaकुम्भ

निरयण (लाहिड़ी) गणना; अंग समाप्ति समय शहर के वास्तविक सूर्योदय के अनुसार। “अधिक मास” उस अतिरिक्त चंद्र मास को दर्शाता है जिसमें कोई सौर संक्रांति नहीं होती।

यह पंचांग कैसे गणना होती है

इस पृष्ठ का हर समय सूर्य और चंद्रमा की वास्तविक स्थिति से स्विस एफेमेरिस (वही उच्च-परिशुद्धता खगोलीय इंजन जिसे पेशेवर खगोलशास्त्री उपयोग करते हैं) से निकाला जाता है, किसी छपे पंचांग या तय तालिका से नहीं।

  • निरयण राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश — भारत सरकार के कैलेंडर में यही मानक है। सभी नक्षत्र, राशि, तिथि और योग की सीमाएँ इसी से बनती हैं।
  • स्थानीय वास्तविक सूर्योदय — मुहूर्त काल (राहु काल, चौघड़िया, होरा, अभिजित आदि) Chicago के सटीक निर्देशांक के लिए गणना किए गए वास्तविक सूर्योदय से मापे जाते हैं, इसलिए वे आपके स्थान के लिए सही होते हैं, कोई क्षेत्रीय अनुमान नहीं।
  • दो मास परंपराएँ — हम अमांत (अमावस्या से अमावस्या) और पूर्णिमांत (पूर्णिमा से पूर्णिमा) दोनों चंद्र मास दिखाते हैं, क्योंकि भारत के अलग-अलग क्षेत्र अलग परंपरा मानते हैं; अधिक (मलमास) मास होने पर उसे अंकित किया जाता है।

महत्व और शुभ/अशुभ संकेत शास्त्रीय ग्रंथों (मुहूर्त चिंतामणि, बृहत् संहिता, पुराण आदि) से लिए जाते हैं और साथ में उद्धृत किए जाते हैं — हम कभी ऐसा प्रभाव नहीं बताते जो ग्रंथ में न हो।

आपका आज का पंचांग

अपना जन्म नक्षत्र और चंद्र राशि एक बार चुनें — फिर हम आज का आपका ताराबल और चंद्रबल पढ़कर बता देंगे। यह सिर्फ़ इसी डिवाइस पर सेव होता है; हमारे सर्वर पर कभी नहीं जाता।

आज क्या करना शुभ है?

आप जो करने वाले हैं वह चुनें। हम आज के पंचांग को शास्त्रीय मुहूर्त नियम से जाँचकर बताते हैं कि यह शुभ है या नहीं, सबसे अच्छा समय कौन-सा है, और यह किस ग्रंथ से है।

समय विवरण (तालिका)
कालआरंभसमाप्तिप्रकार
Rahu Kala14:4816:11अशुभ
Yamaghanda Kala09:1910:41अशुभ
Gulika Kala12:0313:26अशुभ
Abhijit Muhurta11:4112:25शुभ

शुभ मुहूर्त शुभ मुहूर्त

सूर्योदय और नक्षत्र के आधार पर बने वे समय जिन्हें शास्त्रीय मुहूर्त ग्रंथ साधना, अध्ययन और नई शुरुआत के लिए बताते हैं।

Brahma Muhurta

ब्रह्म मुहूर्त

04:58 – 05:46

Pratah Sandhya

प्रातः सन्ध्या

05:29 – 06:34

Vijaya Muhurta

विजय मुहूर्त

13:53 – 14:37

Godhuli Muhurta

गोधूलि मुहूर्त

17:21 – 17:45

Sayahna Sandhya

सायाह्न सन्ध्या

17:33 – 18:38

Nishita Muhurta

निशीथ मुहूर्त

23:39 – 24:27

Amrita Kalam

अमृत कालम्

08:52 – 10:22

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; निर्णय सिंधु। उप-काल की गणना सूर्योदय + शहर के निर्देशांक पर सूर्य नक्षत्र की स्थिति से।

अशुभ काल अशुभ काल

राहु काल, यमगंड और गुलिक (ऊपर दिन की समय-रेखा में दिखाए गए) के अलावा, नई शुरुआत के लिए टालने योग्य शास्त्रीय काल।

Varjyam

वर्ज्यम्

18:38 – 20:08

नक्षत्र से निकला वह काल जिसे शास्त्र टालने को कहते हैं।

Dur Muhurtam 4

दुर्मुहूर्तम्

08:46 – 09:30

वार के अनुसार तय अशुभ उप-मुहूर्त।

Dur Muhurtam 9

दुर्मुहूर्तम्

12:25 – 13:09

वार के अनुसार तय अशुभ उप-मुहूर्त।

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; धर्म सिंधु। उप-काल की गणना सूर्योदय + नक्षत्र की स्थिति से।

आज का सूर्य सूर्य

सूर्य की राशि और नक्षत्र — ऊपर हीरो में दिखाए गए चंद्र-पक्ष की तिथि और नक्षत्र का सूर्य-पक्ष पूरक।

सूर्य राशि

Kumbha#11

सूर्य नक्षत्र

Shatabhisha शतभिषा

पाद 2 / 4

आज चंद्र पाद परिवर्तन

  • 09:15
  • 14:53
  • 20:31
  • 02:08

स्रोत: लाहिड़ी (चित्रपक्ष) निरयण गणना। पाद की गणना नक्षत्र को 3° 20′ के 4 बराबर भागों में बाँटकर।

हिंदू वर्ष विक्रम संवत्

इस वर्ष के विक्रम, शक और गुजराती संवत, साथ में 60-वर्षीय शासन-चक्र से चक्र का नाम (संवत्सर)।

विक्रम संवत

2083

Parabhava पराभव

वर्ष हब देखें

शक संवत

1948

Kilaka कीलक

गुजराती संवत

2082

Vishvavasu विश्वावसु

मंत्री मंडल — वर्ष शासन

पददेवता
RajaSun
MantriSun

बाकी शासन पद (8) इंजन द्वारा हल होते ही भर जाएँगे।

स्रोत: निर्णय सिंधु; सूर्यसिद्धांत। संवत्सर 60-वर्षीय बृहस्पति चक्र से।

दैनिक दिशाएँ दिशा

मुहूर्त चुनने में काम आने वाली दिन की दिशाएँ — यात्रा के लिए दिशा शूल, यज्ञ के लिए अग्निवास, लाभ की दिशा के लिए चंद्र/राहु वास, अनुष्ठान के समय के लिए शिववास।

Disha Shool

North उत्तर

अशुभ

स्रोत: Avoid travel toward this direction today

Chandra Vasa

South दक्षिण

शुभ

स्रोत: Direction favored by today's moon position

Rahu Vasa

North उत्तर

अशुभ

स्रोत: Direction occupied by Rahu; avoid offerings facing here

Agnivasa

Patala पाताल

अशुभ

स्रोत: Agni's dwelling for homa-suitability assessment

Shiva Vasa

Kailasha कैलाश

शुभ

स्रोत: Shiva's location for rudrabhisheka timing

Homahuti

Venus शुक्र

शुभ

स्रोत: Benefic planet: offering auspicious

आज की बल तालिका

ताराबल और चंद्रबल — मुहूर्त चुनने में काम आने वाली दो शास्त्रीय बल जाँच। यदि आपका जन्म नक्षत्र या जन्म राशि अनुकूल सूची में आए, तो दिन नई शुरुआत के लिए ठीक है।

आज अनुकूल जन्म राशियाँ

Vrishabha, Karka, Simha, Vrishchika, Dhanu, Meena

ताराबल — सभी 27 जन्म नक्षत्र
#जन्म नक्षत्रतारागुण
1AshwiniKshema क्षेमसामान्य
2BharaniVipat विपत्सामान्य
3KrittikaSampat सम्पत्सामान्य
4RohiniJanma जन्मसामान्य
5MrigashiraAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
6ArdraMitra मित्रसामान्य
7PunarvasuVadha वधसामान्य
8PushyaSadhaka साधकसामान्य
9AshleshaPratyari प्रत्यरिसामान्य
10MaghaKshema क्षेमसामान्य
11Purva PhalguniVipat विपत्सामान्य
12Uttara PhalguniSampat सम्पत्सामान्य
13HastaJanma जन्मसामान्य
14ChitraAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
15SwatiMitra मित्रसामान्य
16VishakhaVadha वधसामान्य
17AnuradhaSadhaka साधकसामान्य
18JyeshthaPratyari प्रत्यरिसामान्य
19MulaKshema क्षेमसामान्य
20Purva AshadhaVipat विपत्सामान्य
21Uttara AshadhaSampat सम्पत्सामान्य
22ShravanaJanma जन्मसामान्य
23DhanishthaAti-Mitra अतिमित्रसामान्य
24ShatabhishaMitra मित्रसामान्य
25Purva BhadrapadaVadha वधसामान्य
26Uttara BhadrapadaSadhaka साधकसामान्य
27RevatiPratyari प्रत्यरिसामान्य
चंद्रबल — सभी 12 जन्म राशि
#जन्म राशिजन्म से भावअनुकूल
1Mesha2नहीं
2Vrishabha1हाँ
3Mithuna12नहीं
4Karka11हाँ
5Simha10हाँ
6Kanya9नहीं
7Tula8नहीं
8Vrishchika7हाँ
9Dhanu6हाँ
10Makara5नहीं
11Kumbha4नहीं
12Meena3हाँ

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; बृहत् संहिता। ताराबल जन्म-नक्षत्र से आज के नक्षत्र तक 9-चक्र का उपयोग करता है।

उदय लग्न (उगती राशि) समय-रेखा

दिन के हर समय पूर्वी क्षितिज पर कौन सी राशि उग रही है। खंड की चौड़ाई वास्तविक उदय अवधि के अनुपात में है।
सभी 13 खंड (तालिका)
#राशिआरंभसमाप्ति
11Kumbha कुम्भ06:3407:24
12Meena मीन07:2408:29
1Mesha मेष08:2909:49
2Vrishabha वृषभ09:4911:39
3Mithuna मिथुन11:3913:59
4Karka कर्क13:5916:29
5Simha सिंह16:2919:04
6Kanya कन्या19:0421:39
7Tula तुला21:3924:09
8Vrishchika वृश्चिक24:0902:39
9Dhanu धनु02:3904:39
10Makara मकर04:3906:09
11Kumbha कुम्भ06:0906:34

पंचक रहित मुहूर्त पञ्चक रहित मुहूर्त

पंचक श्रेणी के अनुसार 15 शास्त्रीय दिन-मुहूर्त खंड। हरा = शुभ; गुलाबी = टालें। चौड़ाई वास्तविक अवधि के अनुपात में है।
सभी 15 खंड (तालिका)
#नामआरंभसमाप्तिगुण
1Agni अग्नि06:3407:18अशुभ
2Raja राज07:1808:02अशुभ
3Chora चोर08:0208:46अशुभ
4Shubha शुभ08:4609:30शुभ
5Roga रोग09:3010:14अशुभ
6Mrityu मृत्यु10:1410:58अशुभ
7Agni अग्नि10:5811:41अशुभ
8Raja राज11:4112:25अशुभ
9Chora चोर12:2513:09अशुभ
10Shubha शुभ13:0913:53शुभ
11Roga रोग13:5314:37अशुभ
12Mrityu मृत्यु14:3715:21अशुभ
13Agni अग्नि15:2116:05अशुभ
14Raja राज16:0516:49अशुभ
15Chora चोर16:4917:33अशुभ

स्रोत: मुहूर्त चिंतामणि; निर्णय सिंधु।

ऋतु और अयन

वैदिक ऋतु, अयन, दिन/रात की लंबाई और सौर-दोपहर — आज के पंचांग के आसपास का ऋतु ढाँचा।

ऋतु (वैदिक)

Shishiraशिशिर

ऋतु (दृक)

Shishiraशिशिर

अयन

Uttarayanaउत्तरायण

दिनमान

10h 59m

रात्रिमान

13h 1m

मध्याह्न

12:03

स्रोत: सूर्यसिद्धांत। दिनमान = सूर्योदय→सूर्यास्त के मिनट; मध्याह्न = स्थानीय सौर दोपहर।

दिशा शूल - शिकागो, 24 फरवरी 2026

मंगलवार, 24 फरवरी 2026 — शिकागो के लिए यह दिन पंचांग की दृष्टि से ध्यान देने योग्य है। दिन की शुरुआत प्रातः 06:34 बजे सूर्योदय से होती है और अपराह्ण 17:33 बजे अस्त होता है, जिससे दिन में 10 घंटे 59 मिनट का उजाला मिलता है। तिथि अष्टमी (शुक्ल पक्ष) है और दिन का नक्षत्र रोहिणी है। वैधृति योग पूरे दिन पर असर डालता है। शिकागो के लिए ब्रह्म मुहूर्त रात्रि 04:58 से प्रातः 05:46 तक है; यही वह समय है जिसे शास्त्र साधना और पढ़ाई के लिए सर्वोत्तम बताते हैं।

शिकागो में राहु काल अपराह्ण 14:48 से अपराह्ण 16:11 तक रहेगा — इस दौरान कोई नया काम शुरू न करें। दिशाशूल आज उत्तर की ओर है, इसलिए मंगलवार को उस दिशा की यात्रा कुछ देर टाल दें। अच्छे समय के लिए लाभ चौघड़िया (प्रातः 10:41–दोपहर 12:03) सबसे उत्तम मुहूर्त है। रोहिणी नक्षत्र चन्द्र के अधिकार में है, जिससे यह दिन आकाशीय समय और शिकागो की भूमि — दोनों से जुड़ जाता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

शिकागो में 24 फरवरी 2026 को राहु काल कब है?
शिकागो में 24 फरवरी 2026 को राहु काल अपराह्ण 14:48 से अपराह्ण 16:11 तक रहता है। यह करीब 90 मिनट की खिड़की राहु के अधीन होती है और नया काम, यात्रा या शुभ कार्य शुरू करने से आमतौर पर बचा जाता है। यह समय हर दिन सूर्योदय के अनुसार बदलता है, इसलिए हर शहर में अलग होता है।
शिकागो में 24 फरवरी 2026 को सूर्योदय प्रातः 06:34 बजे क्यों होता है?
शिकागो में 24 फरवरी 2026 को सूर्योदय प्रातः 06:34 बजे होता है — यह शहर के अक्षांश (41.88°N) और इस तारीख को पृथ्वी के झुकाव से तय होता है। सूर्योदय और सूर्यास्त (अपराह्ण 17:33) वैदिक दिन की लंबाई तय करते हैं और राहु काल से लेकर चौघड़िया तक सभी गणनाएँ शिकागो के स्थानीय क्षितिज से जोड़ते हैं।
शिकागो में 24 फरवरी 2026 को कौन-सा योग है?
शिकागो में 24 फरवरी 2026 को वैधृति योग है, जो सायं 19:53 से अपराह्ण 16:56 तक सक्रिय रहता है। पंचांग में योग सूर्य और चन्द्र की मिली-जुली स्थिति से बनता है और 27 योगों के चक्र में घूमता है। वैधृति योग का अपना स्वभाव होता है जो दिन के कामों की शुभता पर असर डालता है।

संबंधित पंचांग पृष्ठ

दैनिक प्रामाणिकता

तांत्रिक बंदा खिड़कियाँ

Tulsi (Intellect prayoga)

तुलसी (बुद्धि प्रयोग)

स्रोत:

Vat (Rohini/P.Phalguni alt)

वट (रोहिणी व पू. फाल्गुनी)

स्रोत:

साधना विधान

Nakshatra-Tithi Yoga Sadhana

नक्षत्र-तिथि योग साधना

- Muhurta Chintamani, Brihat Samhita

Rohini Nakshatra Abundance Puja

रोहिणी नक्षत्र समृद्धि पूजा

- Brihat Samhita, Krishna Janma Katha

Kali Ashtami Puja

काली अष्टमी पूजा

- Kali Tantra, Mahanirvana Tantra

Mangala Ashtami Kali Puja

मङ्गल अष्टमी काली पूजा

- Kali Tantra, Rudrayamala

Ashtami Durga Puja

अष्टमी दुर्गा पूजा

- Devi Mahatmya, Durga Saptashati

Vaidhriti Yoga Tapas Sadhana

वैधृति योग तपस् साधना

- Dharmasindhu, Nirnaya Sindhu

Bava Karana Auspicious Puja

बव करण शुभ पूजा

- Muhurta Chintamani

दिन दुर्लभता अंक

0.6167725662524365/ 100

शिकागो — 24 फरवरी

सूर्योदय
प्रातः 06:34
सूर्यास्त
अपराह्ण 17:33
तिथि
अष्टमी (शुक्ल पक्ष)
नक्षत्र
रोहिणी (प्रथम पाद)
योग
वैधृति
करण
बव
माह
फाल्गुन
चन्द्र राशि
वृषभ
सूर्य राशि
कुम्भ
राहु काल
अपराह्ण 14:48–अपराह्ण 16:11
शुभ चौघड़िया
लाभ (प्रातः 10:41–दोपहर 12:03)